कलकत्ता कॉस्मोपॉलिटन: दिल और दरारें पर यतीश कुमार
(Narrative Poetry)
इस साल प्रसिद्ध लेखिका अलका सरावगी का उपन्यास आया है ‘कलकत्ता कॉस्मोपॉलिटन: दिल और दरारें’। अलका जी के उपन्यासों में कोलकाता एक अनंत क...
इस साल प्रसिद्ध लेखिका अलका सरावगी का उपन्यास आया है ‘कलकत्ता कॉस्मोपॉलिटन: दिल और दरारें’। अलका जी के उपन्यासों में कोलकाता एक अनंत क...
इस किताब पर कुछ भी टिप्पणी करने से पहले एक बात यहाँ दर्ज करना चाहूँगा वो है संयम बरतने की कला, धैर्य की चारदीवारी के भीतर रहना और बेचैनी पर नकेल कसना। नरेश सक्सेना का...
एक किताब जो उदास करती है, हताश करती है, हर दो-चार पृष्ठों के बाद लंबी सांस खींचकर आंख बंद कर लेने को मजबूर करती है। क्षमा करें, यह मेरा बिलकुल निजी अनुभव और विचार है।...
जिद्द और साहस का कोम्बो चीकू: ‘बोरसी भर आँच चीकू का संघर्ष उन बच्चों का संघर्ष है जो गरीबी में भी उँची उड़ान भरने का सपना देखते हैं, अन्तर बस इतना है कि चीकू का...
मानव कौल ने कहा कि जब एक नॉन-फिक्शन लिख दिया जाता है, वह फिक्शन हो जाता है। उनका अर्थ संभवतः डायरी लेखन या संस्मरणों के लिए था, जो भले यथार्थ हों, लेकिन व्यक्त करने के...
‘बोरसी भर आँच’ कोई सामान्य किताब नहीं है। यह एक खिड़की है उस दुनिया की, जहाँ लेखक के बचपन के ठिठुरते लम्हें, युवावस्था के संघर्ष और परिवार के अनकहे किस्से धीरे-धीरे सा...